गहरी बात लिख दी है किसी नें

बेजुबान पत्थर पे लदे है करोडो के गहने मंदिरो में। उसी दहलीज पे एक रूपये को तरसते नन्हे हाथो को देखा है।। सजे थे छप्पन…

रिश्ते

रिश्ते अंकुरित होते हैं प्रेम से जिंदा रहते हैं संवाद से महसूस होते हैं संवेदनाओं से जिये जाते हैं दिल से मुरझा जाते हैं गलतफहमियों…

सुख-दुख

ऐ   “सुख”  तू  कहाँ   मिलता    है क्या   तेरा   कोई   पक्का   पता  है क्यों   बन   बैठा   है    अन्जाना आखिर   क्या   है   तेरा   ठिकाना ।…